Sarkari Vakil Kaise Bane – योग्यता, कोर्स और सैलरी || सरकारी वकील कैसे बन सकते है?

Sarkari Vakil Kaise Bane In Hindi: सरकारी वकील, आज कल जैसे-जैसे सरकारी नौकरी का क्रेज़ लोगो में बढ़ता जा रहा है, बहुत से लोग है जो सरकारी वकील बनना चाहते है। तो आज के इस पोस्ट में हम आपको बताएँगे की आप किस तरह से गवर्नमेंट लॉयर बन सकते है।

आप किस तरह के सरकार की तरफ से वकालत कर सकते है और उसके लिए क्या क्या योग्यताये होनी जरुरी है। साथ ही आपको इस बात की भी पूरी जानकारी देंगे की एक गवर्नमेंट लॉयर की फीस कितनी होती है और आपको एक गवर्नमेंट लॉयर बनने के लिए कोनसे कॉलेज में एडमिशन लेना होगा।

सरकारी वकील कौन होता है?

वकील बनने के बाद भी इसके अलग अलग पद होते है जिसमें आप अपना मनपसंद पद ढूंढ़कर उसमें नौकरी कर सकते है। उन्ही में से एक जॉब है गवर्नमेंट लॉयर का, जिसमे आपको सरकार के अधीन होकर या सरकार के वकील बनकर वक़ालत करनी होगी।

सरकारी वकील वह होता है जिसे राज्य सरकार या केंद्र सरकार अपने लीगल मुद्दों के लिए वकील नियुक्त करती है। यदि किसी भी तरह का कोई क़ानूनी विवाद या कोई मुद्दा होता है तो यही वकीलों को वकालत करने का अवसर दिया जाता है।

साथ ही यदि कोई व्यक्ति या कोई पक्ष अपने मुद्दों को सही साबित करने या वकालत करने के लिए वकील नहीं कर पा रहा है तो उसे सरकार के आदेश पर इन्ही सरकारी वकीलों को वकालत करने को कहा जाता हैं।

Sarkari Vakil Kaise Bane In Hindi

सरकारी बकील का पद बहुत उच्चा होता है और ये बहुत अनुभवी भी होते है। Sarkari Vakil (गवर्नमेंट लॉयर) को असिस्टेंट प्रासीक्यूटर ऑफिसर (APO) भी कहा होता है। जिसके लिए हर राज्य में अलग अलग परीक्षाओ का आयोजन होता है।

आप सरकारी वकील कैसे बन सकते है, इसकी सम्पूर्ण जानकारी स्टेप बाई स्टेप यहाँ दी गयी है –

  • 12 वी कक्षा में अच्छे मार्क्स प्राप्त करें।
  • 12 वीं कक्षा के बाद एलएलबी की डिग्री लेनी होगी।
  • इसके बाद APO Exam (असिस्टेंट प्रासीक्यूटर ऑफिसर एग्जाम) के लिए आवेदन करे। इसके लिए आपका लॉ से ग्रेजुएट होना आवश्यक होता है।
  • असिस्टेंट प्रासीक्यूटर ऑफिसर एग्जाम में पास होने पर आपको एक Sarkari Vakil के रूप में चयन कर लिया जाता है।

असिस्टेंट प्रासीक्यूटर ऑफिसर एग्जाम (एपीओ परीक्षा)

एपीओ परीक्षा 3 चरणों में पूरी होती है – प्रारंभिक परीक्षा (वैकल्पिक प्रश्न), मुख्य परीक्षा (लिखित परीक्षा), और इंटरव्यू (पर्सनलिटी टेस्ट)

सरकारी वकील के लिए एपीओ परीक्षा में होने वाले प्रारंभिक परीक्षा में आपको 150 अंक का 1 पेपर देना होगा जिसमे वैकल्पिक प्रश्न आएंगे। प्रारंभिक परीक्षा को अच्छे मार्क्स  उत्रीर्ण करने पर आपको मुख्य परीक्षा के लिए चुन लिया जाएगा

मुख्य परीक्षा में आपको 400 अंक के 4 पेपर देने होंगे और सभी से अच्छे जवाब देने पर आपको अच्छे मार्क्स मिलेंगे। जिसके बाद आपको इंटरव्यू के लिए सेलेक्ट किया जाएगा।

इंटरव्यू यानि की साक्षात्कार में आपको कुछ प्रश्न लाइव पूछे जाएंगे जिनका मुख्य उद्देश्य होगा आपका पर्सनालिटी टेस्ट करना। आपको प्रश्न पूछे जाएंगे जहा से आपके जवाब देने का  तरीका और आपके कॉन्फिडेंस के आधार पर मार्क्स दिए जाएंगे। इंटरव्यू के लिए 50 अंक निर्धारित किये गए है।

सभी से अच्छे मार्क्स से पास होने पर आपको सरकारी वकील (गवर्नमेंट लॉयर) के रूप में चुन लिया जाएगा और अब आप सरकारी तौर पर वकालत कर सकेंगे।

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सरकारी वकील बनने के लिए योग्यता

  • मान्यता प्राप्त यूनिवर्सिटी से एलएलबी की डिग्री होनी चाहिए।
  • कम से  कम 7 साल की वकालत का अनुभव होना चाहिए।
  • कम से कम 35 साल की उम्र होना आवश्यक है।
  • कोर्ट में बहस करना आना चाहिए। तर्क वितर्क करने का अच्छा अनुभव होना चाहिए।
  • एपीओ परीक्षा को अच्छे मार्क्स से उत्रीर्ण करना होगा।
  • राजनीतिक संपर्क या लिंक्स होने चाहिए ताकि आपको सही जगह पर वकील बनाया जा सके।

सरकारी वकील बनने के फायदे

  • आपको बिना सरकार की परमिशन के हटाया नहीं जा सकता है। यहाँ तक कोई भी सरकार आपको पद मुक्त नहीं कर सकती है।
  • आपके सरकारी लाइसेंस को रद्द करने के लिए अलग से न्यायिक प्रक्रिया से गुजरना होता है। जो की सरकार द्वारा पॉसिबिल नहीं होता है।
  • आपको सरकार की तरफ से सभी सुविधाये प्रदान की जाती है।
  • सरकार की तरफ से फीस दी जायेगी चाहे आपके पास केस हो या ना हो।
  • कार्यकाल ख़तम होने पर पेंशन का भी प्रावधान होता है।

Sarkari Vakil (गवर्नमेंट लॉयर) के कार्य

  • राज्य सरकार या केंद्र सरकार की तरफ से किसी मुद्दे की पैरवी या वकालत करना।
  • यदि कोई पक्ष किसी भी कारण से वकील नहीं कर  पा रहा हो तो न्यायालय द्वारा उस पक्ष को सरकारी वकील की सुविधा दी जाती है।
  • न्यायालय से जुड़े सभी तरह के न्यायिक प्रक्रियाये जैसे की अपील, मुकदमें, आदि  की कार्यवाही में भाग लेना।
  • अपने केस से जुड़े सभी तथ्यों को और पहलुओं के कोर्ट के समक्ष प्रतुत करना।
  • क़ानूनी दस्तावेजों का लेखन करना।
  • किसी भी स्तर जैसे की न्यायिक व्यवस्था पर या क़ानूनी रूप से सलाह देना आदि।

सरकारी वकील बनने के लिए स्किल्स

  • मुद्दों को अच्छे से विश्लेषण करना,
  • जज से सामने बहस करना,
  • तर्क वितर्क सही से करना,
  • वकालत करने में महारत हासिल होना,
  • अच्छी राइटिंग स्किल का होना,
  • बौद्धिक क्षमता का सही से उपयोग करना,
  • प्रेजेंटेशन सही से करना, आदि।

सरकारी वकीलों के लिए नियुक्ति

Sarkari Vakil को कई जगहों पर नियुक्त किया जा सकता है। जिस तरह से हर क्षेत्र का और हर कार्य का अलग लॉयर होता है उसे तरह से इनके भी कई पद और क्षेत्र होते है जो की निम्न दिए गए है –

  • हेल्थ केयर,
  • लॉ एनफोर्समेंट,
  • पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर,
  • रेलवे,
  • मिलिट्री,
  • रियल स्टेट,
  • एग्रीकल्चर,
  • जुडिशरी,
  • रोडवेज,
  • पब्लिक एजुकेशन,
  • कंस्ट्रक्शन, आदि।

एलएलबी के लिए बेस्ट कॉलेज

  • अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी
  • आईएलएस लॉ स्कूल पुणे
  • इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी इलाहाबाद
  • इंडियन लॉ इंस्टीट्यूट नई दिल्ली
  • इलाहाबाद यूनिवर्सिटी
  • ओस्मानिया यूनिवर्सिटी हैदराबाद
  • कर्नाटक स्टेट लॉ यूनिवर्सिटी
  • कलकत्ता यूनिवर्सिटी
  • कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी
  • गवर्नमेंट लॉ कॉलेज मुम्बई
  • गुजरात लॉ यूनिवर्सिटी
  • गोवर्नमेंट लॉ कॉलेज मुंबई
  • चंडीगढ़ यूनिवर्सिटी
  • चाणक्य नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी पटना
  • जामिया मिलिया इस्लामिया दिल्ली
  • जिंदल ग्लोबल लॉ स्कूल सोनीपत
  • दिल्ली यूनिवर्सिटी
  • नलसर यूनिवर्सिटी ऑफ लॉ हैदराबाद
  • नेशनल एकेडमी ऑफ लीगल स्टीडज एंड रिसर्च हैदराबाद
  • नेशनल लॉ इंस्टीट्यूट यूनिवर्सिटी भोपाल
  • नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी कटक
  • नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी गोहाटी
  • नेशनल लॉ स्कूल ऑफ इंडिया बैंगलोर
  • नेेशनल लॉ यूनिवर्सिटी जोधपुर
  • पश्चिम बंगाल नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ ज्यूडिशियल साइंस कोलकाता
  • बनारस हिन्दू यूनिवर्सिटी
  • मद्रास यूनिवर्सिटी
  • महाराजा सयाजीराव यूनिवर्सिटी बड़ोदरा
  • मुम्बई यूनिवर्सिटी
  • यूनिवर्सिटी ऑफ पेट्रोलियम एंड एनर्जी देहरादून
  • यूनिवर्सिटी ऑफ मुंबई
  • राजीव गांधी नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ ला पटियाला
  • राम मनोहर लोहिया नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी लखनऊ
  • लखनऊ यूनिवर्सिटी
  • वेस्ट बंगाल नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ जुरीडिसियल साइंस कलकत्ता
  • साइबर लॉ कॉलेज चेन्नई
  • सिम्बोसिस लॉ स्कूल पुणे
  • सीएसजेएमयू कानपुर
  • हिदायतउल्ला नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी रायपुर

FAQs

वकील बनने के लिए कौनसा कोर्स करना पड़ता हैं?

वकील बनने के लिए एलएलबी (बैचलर ऑफ़ लेजिस्लेटिव लॉ) का कोर्स करना पडता है।

सरकारी वकील कैसे बने?

सरकारी वकील बनने के लिए एलएलबी करने के बाद 7 साल की वकालत का अनुभव होना चाहिए। उसके बाद आपको एपीओ का एग्जाम देना होगा और उसमे उत्रीर्ण होना होगा।

सरकारी वकील की सेलरी कितनी होती है?

एक सरकारी वकील की इनकम 40 हजार से 1 लाख तक की हो सकती है। यह आपके वकालत के अनुभव और केस पर निर्भर करता है।

12 वी के बाद सरकारी वकील कैसे बने?

12 वीं के बाद आपको सबसे पहले एलएलबी का कोर्स करना होगा और उसके बाद आपको एपीओ का एग्जाम देना होगा। फिर आप सरकारी वकील के रूप में चुन लिए जायँगे।   

सरकरी वकील कौन होता है?

सरकारी वकील वह होता है तो सरकार की तरफ से वकालत के लिए नियुक्त किया जाता है और सरकार के लिए पैरवी करता है।

सरकारी वकील को क्या कहते है?

सरकारी वकील (गवर्नमेंट लॉयर) को Prosecution Officer या Public Prosicuter कहते है।

APO Ka Full Form क्या होता है?

APO Ka Full Form Assistant Prosecution Officer होता है?

निष्कर्ष

सरकारी बकील वह होते है जो सरकार के निर्देश पर या सरकार की तरफ से किसी मुद्दे पर पैरवी या वकालत करते है। सरकारी वकील बनने के लिए आपके पास एलएलबी की डिग्री के साथ साथ 7 साल का अनुभव और 35 साल की उम्र होना आवश्यक हैं। उसके बाद एपीओ का एग्जाम देकर आप सरकारी वकील बन सकते है जिसकी फीस 40 हजार से 1 लाख तक की हो सकती है।

अंतिम लेख

आज के इस लेख में हमने जाना की आप किस तरह से सरकारी वकील बन सकते है। साथ ही हमने जाना की आप कौनसा कोर्स कर सकते है, और इसके बाद आपको कितनी सैलरी मिलेगी। आशा करता ही आपको यह लेख पसंद आया होगा। अपना सुझाव कमेंट बॉक्स में लिखना ना भूले। धन्यवाद।

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